माता पार्वती हिंदू धर्म की प्रमुख देवी हैं। वे भगवान शिव की पत्नी और भगवान गणेश व भगवान कार्तिकेय की माता हैं। वे शक्ति, सौंदर्य, प्रेम, करुणा और साहस की देवी मानी जाती हैं।

उन्हें अदिशक्ति (मूल शक्ति) भी कहा जाता है, जिस शक्ति से संसार चलता है।


🌼 माता पार्वती का जन्म

  • पार्वती माता हिमवान (हिमालय देव) और मेनका की पुत्री हैं, इसलिए उन्हें हिमपुत्री, गौरी, पर्वत-तनया भी कहा जाता है।
  • वे देवी सती का पुनर्जन्म हैं। सती ने शिव को पाने के लिए फिर जन्म लिया और इसी जन्म में वे पार्वती बनीं।

🌼 शिव–पार्वती विवाह

माता पार्वती ने कठोर तपस्या और भक्ति के बाद भगवान शिव को पति के रूप में प्राप्त किया। उनका विवाह हिंदू धर्म के सबसे प्रसिद्ध पौराणिक प्रसंगों में से एक है।


🌼 माता पार्वती के स्वरूप (रूप)

माता पार्वती कई रूपों में पूजित हैं:

गौरी – सौम्य और सरल रूप

दुर्गा – शक्ति और साहस का रूप

काली – अंधकार का विनाश करने वाला रूप

अन्नपूर्णा – भोजन और समृद्धि देने वाली

ललिता त्रिपुरा सुंदरी – सौंदर्य और करुणा का प्रतीक

अंबा / जगदंबा – जगत की माँ


🌼 माता पार्वती का परिवार

  • पति: भगवान शिव
  • पुत्र: गणेश, कार्तिकेय
  • वाहन: सिंह (दुर्गा रूप में), बैल नंदी (शिव परिवार का प्रमुख)

🌼 माता पार्वती से जुड़े प्रमुख मंदिर

  • माँ वैष्णो देवी (रूप) – जम्मू
  • कामाख्या देवी – असम
  • मेनाक्षी देवी मंदिर – मदुरै
  • नैना देवी – हिमाचल
  • मंगलागौरी – बिहार
  • कालीघाट काली मंदिर – कोलकाता
माता पार्वती कौन हैं?